नई दिल्ली, भारत – भारत में अमेरिकी राजदूत सेरिज़ियो गोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संयुक्त राज्य अमेरिका के संभावित पुनः दौरे को लेकर उत्साह व्यक्त किया है। उन्होंने अमेरिका के साथ भारत के बढ़ते संबंधों और व्यापार समझौते को लेकर सकारात्मक संकेत दिए हैं।
राजदूत गोर ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का अमेरिका आना दोनों देशों के रिश्तों में नई ऊर्जा देगा। इसके अलावा, उन्होंने बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के भारत के अगले वर्ष दौरे की संभावना बहुत मजबूत है। यह दौरा मोदी के अमेरिका में जी20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के बाद प्रस्तावित है।
गोर ने व्यापार समझौतों पर भी विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि अमेरिका और भारत के बीच एक मध्यवर्ती व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के प्रयास जारी हैं। हालांकि, यह एक जटिल प्रक्रिया है क्योंकि इस समझौते में हजारों वस्तुओं और विषयों पर बातचीत हो रही है। इसके बावजूद, उन्होंने इस पर आशावादी दृष्टिकोण दिखाया।
राजदूत ने यह भी रेखांकित किया कि भारत और अमेरिका के संबंध रणनीतिक और आर्थिक रूप से दोनों देशों के लिए फायदेमंद हैं। दोनों सरकारें लगातार विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर काम कर रही हैं, जिसमें व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और टेक्नोलॉजी प्रमुख हैं।
इस बीच, पीएम मोदी ने पिछले कुछ वर्षों में कई अवसरों पर अमेरिका का दौरा किया है और दोनों देशों के बीच पारस्परिक विश्वास विकास हुआ है। सेरिज़ियो गोर ने इस बात पर जोर दिया कि ट्रम्प प्रशासन भारत के साथ संबंधों को उच्च प्राथमिकता देता है और आने वाले समय में दोनों राष्ट्रों के बीच साझेदारी और भी मजबूत होगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि व्यापार समझौतों में सफलता दोनों देशों के लिए आर्थिक विकास के अवसर बढ़ाएगी और द्विपक्षीय संबंधों में नई ऊंचाईयों को छूने में मदद करेगी। भारत के rapidly बढ़ते बाजार और अमेरिका की तकनीकी तथा निवेश क्षमताएँ मिलकर इस साझेदारी को और लाभप्रद बनाएंगी।
आगामी राजनीतिक और आर्थिक घटनाक्रम के मद्देनज़र, भारतीय और अमेरिकी प्रशासन इस संबंध को और सुदृढ़ करने के लिए सक्रिय रूप से कदम उठा रहे हैं। सेरिज़ियो गोर के ये बयान संकेत हैं कि आने वाला समय दोनों देशों के लिए सहयोग का नया अध्याय लेकर आएगा।




