कोलकाता, पश्चिम बंगाल: तृणमूल कांग्रेस (TMC) की नेता काकोलि घोष दস্তिदार ने रविवार को घोषणा की कि पार्टी के 20 सांसद त्रिपुरा आधारित राष्ट्रीय नागरिक पार्टी में विलय कर लोससभा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (NDA) का समर्थन करेंगे। यह जानकारी समाचार एजेंसी ANI ने दी।
काकोलि घोष दस्तिदार ने यह घोषणा उस दिन की, जब ये सांसद लोकसभा के स्पीकर ओम बिड़ला से मुलाकात कर चुके थे। इस मुलाकात के बाद दल के अंदर चल रही बगावत और विभाजन की खबरों ने राजनीति में बहस छेड़ दी है।
इससे कुछ समय पहले, TMC सांसद कीर्ति अज़ाद और सागरिका घोष ने लोकसभा स्पीकर को पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी का एक पत्र सौंपा था, जिसमें सदन में तृणमूल कांग्रेस के किसी भी अलग गुट को मान्यता न देने की अपील की गई थी। यह पत्र बुधवार को स्पीकर को भेजा गया था।
मुलाकात के बाद काकोलि घोष दस्तिदार ने बताया कि विद्रोही गुट पार्टी के कुल सांसदों के दो-तिहाई से अधिक हैं। साथ ही, सुदीप बंद्योपाध्याय, जो इन 20 सांसदों में हैं, ने कहा कि जुलाई में वे मांग करेंगे कि इस गुट को तृणमूल कांग्रेस का नाम दिया जाए क्योंकि कुल सांसदों का बहुमत उनका समर्थन करता है।
ममता बनर्जी की अगुवाई वाली पार्टी के पास लोकसभा में कुल 28 सांसद हैं। उन्होंने बताया कि 2024 के लोकसभा चुनाव में TMC ने 29 सीटें जीती थीं, लेकिन बसिरहाट से सांसद का निधन हो जाने के कारण अभी वहां उपचुनाव होना बाकी है।
8 जून को काकोलि घोष दस्तिदार के नेतृत्व में 20 सांसदों ने स्पीकर को पत्र लिखा था, जिसमें वे सत्ताधारी NDA का समर्थन करने की घोषणा कर चुके हैं। इस राजनीतिक घटनाक्रम से पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के भविष्य को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं। इस मामले में आगे की हलचल पर सभी की नजर टिकी हुई है।
Author: UP 24.in
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