चंडीगढ़, पंजाब। भारतीय हॉकी के क्षेत्र में अमूल्य योगदान देने वाले अनुभवी हॉकी कोच बलदेव सिंह को इस साल पद्म श्री पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। यह पुरस्कार उन्हें खेल को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने के लिए दिया जा रहा है, जहां उन्होंने कई युवा खिलाड़ियों को तैयार किया है और देश के लिए कई पदक और सफलता दिलाई है।
बलदेव सिंह ने देश के कई हॉकी खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर झंडा गाड़ने में मदद की है। उनकी कोचिंग तकनीक और खेल के प्रति समर्पण ने भारतीय हॉकी को मजबूती प्रदान की है। उन्होंने विशेष रूप से जूनियर टीमों में प्रतिभाओं की पहचान कर उनके विकास पर विशेष ध्यान दिया है।
पद्म श्री पुरस्कार भारतीय गणराज्य का चौथा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है, जो विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय सेवाओं के लिए दिया जाता है। बलदेव सिंह को यह पुरस्कार हॉकी के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया जा रहा है।
स्पोर्ट्स मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि बलदेव सिंह ने खेल के प्रति अपने समर्पण और उत्कृष्ट कोचिंग से ना केवल खिलाड़ियों को प्रेरित किया है, बल्कि हॉकी को देश में लोकप्रिय बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभाई है। उनके प्रयासों से भारत ने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में बेहतर प्रदर्शन किया है।
हॉकी प्रेमी और युवा खिलाड़ी बलदेव सिंह के इस सम्मान को लेकर बेहद उत्साहित हैं। वे मानते हैं कि इस प्रकार के पुरस्कारों से खेल के प्रति रुचि बढ़ेगी और नए खिलाड़ी सामने आएंगे। बलदेव सिंह का मानना है कि कोचिंग सिर्फ तकनीक सिखाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह खिलाड़ियों की मानसिकता और टीम भावना को मजबूत करने का भी माध्यम है।
करियर के दौरान उन्होंने कई हॉकी अकादमियों में मुख्य कोच की भूमिका निभाई है और राष्ट्रीय टीम के लिए भी चयनकर्ताओं में शामिल रहे हैं। उनका योगदान हॉकी जगत में हमेशा याद रखा जाएगा।
इस सम्मान की घोषणा के बाद बलदेव सिंह ने कहा, “यह पुरस्कार मेरे लिए एक बड़ी खुशी और प्रेरणा का स्रोत है। मैं इसे केवल अपने नाम पर नहीं, बल्कि उन सभी खिलाड़ियों और सहयोगियों के नाम करना चाहता हूं, जिन्होंने मेरे साथ यह सफर तय किया। हम सभी मिलकर भारतीय हॉकी को नई ऊंचाइयां छू सकते हैं।”
आने वाले दिनों में इस पुरस्कार समारोह में बलदेव सिंह को पद्म श्री पुरस्कार प्रदान किया जाएगा, जहां देश के प्रमुख गणमान्य मौजूद रहेंगे। यह सम्मान न केवल उनके व्यक्तिगत प्रयासों का सम्मान है, बल्कि भारतीय हॉकी के उज्जवल भविष्य की भी झलक है।
Author: UP 24.in
News




